बिल गेट्स (विलियम हेनरी गेट्स III) दुनिया के सबसे प्रसिद्ध अमेरिकी उद्योगपति, सॉफ्टवेयर डेवलपर, निवेशक और परोपकारी हैं, जिन्होंने माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft) की स्थापना करके दुनिया में पर्सनल कंप्यूटर क्रांति की शुरुआत की। वे कई दशकों तक दुनिया के सबसे अमीर व्यक्तियों की सूची में शीर्ष पर रहे और आज अपनी विशाल संपत्ति का एक बड़ा हिस्सा समाज सेवा में लगा रहे हैं।
| नाम | बिल गेट्स (Bill Gates) |
| पूरा नाम | विलियम हेनरी गेट्स III (William Henry Gates III) |
| ख्याति / पद | माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक, अमेरिकी प्रौद्योगिकी दिग्गज, उद्योगपति एवं परोपकारी (Philanthropist) |
| जन्म तिथि | 28 अक्टूबर 1955 |
| जन्म स्थान | सीएटल, वाशिंगटन, संयुक्त राज्य अमेरिका |
| पिता | विलियम एच. गेट्स सीनियर (प्रसिद्ध वकील) |
| माता | मैरी मैक्सवेल गेट्स (व्यावसायिक कार्यकारी एवं परोपकारी) |
| पत्नी | मेलिंडा फ्रेंच (विवाह: 1994, तलाक: 2021) |
| संतान | 3 संतान - 2 पुत्रियाँ (जेनिफर गेट्स और फीबी गेट्स) एवं 1 पुत्र (रॉरी गेट्स) |
उनका जन्म 28 अक्टूबर 1955 को अमेरिका के वाशिंगटन राज्य के सिएटल शहर में हुआ था। उनके पिता विलियम एच. गेट्स सीनियर एक जाने-माने वकील थे और मां मैरी मैक्सवेल गेट्स एक प्रमुख व्यवसायी और सामाजिक कार्यकर्ता थीं। बिल गेट्स को बचपन से ही कंप्यूटर कोडिंग का जबरदस्त शौक था। उन्होंने हार्वर्ड यूनिवर्सिटी में दाखिला लिया, लेकिन कंप्यूटर सॉफ्टवेयर बनाने के अपने सपने को पूरा करने के लिए बीच में ही पढ़ाई छोड़ दी। साल 1994 में उन्होंने मेलिंडा फ्रेंच से शादी की, जिनसे उनके तीन बच्चे (जेनिफर, रोरी और फोबे) हैं; साल 2021 में दोनों का तलाक हो गया, लेकिन वे परोपकारी कार्यों में आज भी साथ मिलकर काम करते हैं।
साल 1975 में बिल गेट्स ने अपने बचपन के दोस्त पॉल एलन के साथ मिलकर 'माइक्रोसॉफ्ट' की नींव रखी। उनकी दूरगामी सोच यह थी कि हर घर और हर डेस्क पर एक कंप्यूटर होना चाहिए। माइक्रोसॉफ्ट के ऑपरेटिंग सिस्टम (Windows) और ऑफिस सॉफ्टवेयर पैकेज ने पूरी दुनिया में कंप्यूटर के इस्तेमाल को बेहद आसान बना दिया। उनके नेतृत्व में माइक्रोसॉफ्ट दुनिया की सबसे बड़ी और मूल्यवान टेक कंपनियों में से एक बन गई, जहाँ उन्होंने मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) और मुख्य सॉफ्टवेयर आर्किटेक्ट के रूप में लंबे समय तक काम किया।
व्यवसाय से धीरे-धीरे सेवानिवृत्त होने के बाद उन्होंने अपना पूरा ध्यान परोपकारी कार्यों पर केंद्रित किया। उन्होंने 2000 में 'बिल एंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन' की शुरुआत की, जो वैश्विक स्वास्थ्य, गरीबी उन्मूलन, शिक्षा सुधार और पोलियो जैसी बीमारियों के खात्मे के लिए दुनिया भर में अरबों डॉलर खर्च करता है। उन्हें अमेरिकी राष्ट्रपति द्वारा 'प्रेसिडेंशियल मेडल ऑफ फ्रीडम' और भारत सरकार द्वारा 2015 में 'पद्व भूषण' (मेलिंडा गेट्स के साथ संयुक्त रूप से) जैसे कई प्रतिष्ठित नागरिक सम्मानों से सम्मानित किया जा चुका है।
बिल गेट्स का जीवन तकनीक, व्यापारिक दक्षता और परोपकार का एक अद्भुत उदाहरण है। अपनी विशाल तकनीक और संपत्ति के जरिए दुनिया भर में लाखों जिंदगियों को बेहतर बनाने के उनके प्रयासों ने उन्हें केवल एक सफल बिजनेसमैन ही नहीं, बल्कि एक महान वैश्विक नागरिक के रूप में स्थापित किया है। आज वे जलवायु परिवर्तन, स्वच्छ ऊर्जा और भविष्य की महामारियों से निपटने जैसे गंभीर वैश्विक मुद्दों पर लगातार सक्रिय हैं।